हारेगा कोरोना मनाएंगे ईद-अरशद जैन।

बिहारशरीफ(एस राजा)-ज्ञात हो के 24 अप्रैल से इसलाम धर्म मे माना जाने वाला पवित्र महिना शुरु होने जारहा है जिस को पुरे विश्व मे रमज़ान के नाम से जाना जाता है। रमज़ान मे इसलाम धर्म को मान ने वाले मुसलिम धर्म के लोग बिना अन्न और जल के रोज़ा यानी व्रत रखते है ।  चुंकी पहला रमज़ान 24 अप्रैल से शुरु है तो मुसलमान 23 अप्रैल से रात की नमाज़ (ईंशा) के बाद तरावीह पढ़ते हैं फिर सुबह फ़जर की आज़ान से पहले लगभग 3 बजे सुबह सुबह थोड़ा कुछ खाते हैं जिसे सेहरी कहा जाता है उसके बाद से शाम के समय सुरज डुबने तक मगरिब की  आज़ान तक कुछ भी न खाते हैं और न कुछ पीते हैं। ऐसा पुरे एक महिने चलता है जो लोग भी रोज़ा रखते हैं उनहे ये करना पड़ता है।

अब चुंकी अभी वैश्विक महामारी कोरोना ने हमारे भारत मे भी पैर पसार लिया है और प्रधानमंत्री मोदी जीने 3 अप्रैल तक लॉकडाउन बढ़ा दिया है तो एसे मे मुसलमानों को रमज़ान के रोज़े भी रखने ह़ै और तरावीह (मतलब एक कुर्आन को नमाज़ मे पढ़कर खत्म करना) भी पढ़नी होती है।

एसे मे मै अपने नालंदा जिले के मुसलमान भाईयों से ग़ुज़ारिश करता हुं की चुंकी खाने पिने की चिज़े मिलरही हैं तो एक हफ्ते या दस दिनो तक का रोज़े का सामान आप एक बार मे म़गवाकर रखें जिस से की लॉकडाउन मे कोरोना से बचने के लिए घरों से ज्यादा बाहर न निकलना पड़े।
तरावीह पढ़नी हो ,नमाज़ पढ़नी हो या और किसी भी तरह का कोई ईबादत करना हो तो बिलकुल अपने अपने घरों मे रहकर करे मसजिदों मे बिलकुल न जायें लॉकडाउन और सोसलडिस्टेंस का पुरा पालन करें जिस से की हम कोरोना को हरा सके और ईंद की नमाज़ ईदगाह मे एक साथ मिलजुल कर पढ़ें और गले से गले मिलकर ईद की मुबारकबाद एक दुसरे को दे सके।

हारेगा कोरोना,मनाएंगे ईद।

एस. एम. इसलामुल हक
उर्फ मो अरसद जेन
जिलाध्यक्ष लोजपा
अल्पसंख्यक प्रकोष्ठ
नालंदा